IPL 2008 के फ्लॉप खिलाड़ियों की प्लेइंग XI




आईपीएल आज दुनिया की सबसे लोकप्रिय टी20 लीग बन गयी हैं हालाँकि जहां तक पहुँचने में आईपीएल के सभी खिलाड़ियों ने 13 सालों तक लगातार मेहनत की हैं. इसके आलावा बीसीसीआई ने भी इसे विश्व के सबसे प्रसिद्द लीग बनाने के लिए प्रत्येक वर्ष कई अहम कदम भी उठाये हैं.

आईपीएल का 14वां सीजन फिलहाल कोरोना महामारी के कारण अनिश्चितकाल के लिए स्थगित हैं. इन सब के बीच आज इस लेख में हम आईपीएल के पहले सीजन के 11 सबसे फ्लॉप खिलाड़ियों के बारे में जानेगे.

ओपनर- हर्शल गिब्स और वीवीएस लक्ष्मण

आईपीएल 2008 के फ्लॉप खिलाड़ियों की टीम ओपनिंग की जिम्मेदारी दुनिया के सबसे विस्पोटक बल्लेबाज कहे जाने वाले हर्शल गिब्स और वीवीएस लक्ष्मण के कंधे पर होगी. गिब्स ने सीजन में डेक्कन की ओर से खेलते 9 मैचों में सिर्फ 167 रन बनाये जबकि लक्ष्मण ने 6 मैचों में सिर्फ 155 रन बनाये थे.

मध्यक्रम- विराट कोहली(कप्तान), एबी डिविलियेर्स, दिनेश कार्तिक (विकेटकीपर)

आईपीएल के पहले सीजन में विराट कोहली इस अनकैप खिलाड़ी के रूप में खेले थे, और उनका प्रदर्शन भी अच्छा नहीं रहा था, जिसके कारण उन्हें टीम में शामिल किया गया हैं और टीम का कप्तान भी बनाया हैं. नंबर 4 पर उनके आरसीबी के साथी खिलाड़ी एबी डिविलियर्स हैं हालाँकि पहले सीजन में वह दिल्ली डेयरडेविल्स टीम का हिस्सा थे और 6 मैचों में सिर्फ 95 रन बनाये थे.

आईपीएल में 6 अलग-अलग टीमों के लिए खेल चुके दिनेश करतीं इस टीम में विकेटकीपर के रूप में चुने गया हैं. कोलकाता के मौजूदा कप्तान कार्तिक ने पहले सीजन में दिल्ली के लिए खेले 14 मैचों में सिर्फ 145 रन बनाये थे.

ऑलराउंडर- शाहिद अफरीदी, रवीन्द्र जडेजा

पाकिस्तान के ऑलराउंडर शाहिद अफरीदी टी20 के सबसे उपयोगी ऑलराउंडर माने जाते हैं हालाँकि आईपीएल में खेले इकलौते सीजन में वह पूरी तरह से फ्लॉप रहे थे. अफरीदी ने सीजन में खेले 10 मैचों में सिर्फ 81 रन बनाने के साथ-साथ सिर्फ 9 विकेट लिए थे.

इसके आलावा रवीन्द्र जडेजा ने भी आईपीएल 2008 में अपने प्रदर्शन से निराश किया था. जडेजा को पहले सीजन में 1 भी विकेट नहीं मिली थी जबकि बल्लेबाजी में उन्होंने उन्होंने 14 मैचों की 9 पारियों में सिर्फ 135 रन बनाये थे.

गेंदबाज- विनय कुमार, मखाया एंटिनी, अनिल कुंबले और प्रदीप सांगवान

आईपीएल 2008 के पहले सीजन के फ्लॉप खिलाड़ियों द्वारा तैयार की गयी टीम में तेज गेंदबाजी की जिम्मेदारी विनय कुमार, मखाया एंटिनी और प्रदीप सांगवान के कंधो पर होगी जबकि स्पिन विभाग की अनिल कुंबले को जिम्मेदारी दी गयी हैं.

कुंबले ने पहले सीजन में खेले 10 मैचों में 43.42 की बेहद खराब औसत से सिर्फ 7 विकेट लिए थे जबकि दिग्गज एंटिनी ने 9 मैचों में सिर्फ 7 विकेट हासिल किये थे.

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